अध्याय 17
कलीसिया का निर्माण किया जा रहा है और शैतान इसे ध्वस्त करने की पूरी कोशिश कर रहा है। यह मेरे निर्माण को किसी भी तरह से नष्ट कर देना चाहता है; इस कारण, कलीसिया को तुरंत शुद्ध किया जाना चाहिए। बुराई का ज़रा-सा भी तलछट शेष नहीं रहना चाहिए; कलीसिया को इस ढंग से शुद्ध किया जाना चाहिए ताकि यह निष्कलंक और उतनी ही शुद्ध हो जाए जितनी यह पहले थी और आगे भी वैसी ही रहे। तुम लोगों को चौकस रहना चाहिए और हर समय प्रतीक्षा करनी चाहिए, और तुम लोगों को मेरे सामने अधिक बार प्रार्थना करनी चाहिए। तुम्हें शैतान के विभिन्न षडयंत्रों और साजिशों को समझना चाहिए, आत्माओं को पहचानना चाहिए, लोगों को जानना चाहिए और सभी प्रकार के लोगों, घटनाओं और चीजों का भेद पहचानने में सक्षम होना चाहिए। तुम्हें मेरे वचनों को और अधिक खाना और पीना भी चाहिए, और इससे भी महत्वपूर्ण बात यह है कि तुम्हें उन्हें अपने आप खाने और पीने में सक्षम होना चाहिए। तुम अपने आप को पूरे सत्य से युक्त करो और मेरे सामने आओ, ताकि मैं तुम लोगों की आध्यात्मिक आँखें खोल सकूँ और तुम्हें आत्मा के भीतर निहित सभी रहस्यों को देखने का मौका दे सकूँ...। जिस पल कलीसिया अपने निर्माण में प्रवेश करती है, तभी संतों और शैतान के विभिन्न वीभत्स लक्षणों के बीच का युद्ध तुम सभी के सामने शुरू हो जाता है। क्या तुम रुक जाओगे और पीछे हट जाओगे या तुम मुझमें भरोसा रखकर खड़े हो जाओगे और आगे बढ़ना जारी रखोगे? शैतान के भ्रष्ट और घिनौने लक्षणों को पूरी तरह से उजागर कर दो, कोई भावुकता न रखो और कोई दया मत दिखाओ! मौत तक शैतान से लड़ते रहो! मैं तुम्हारा सहारा हूँ और तुममें एक मर्द बच्चे की भावना होनी चाहिए! शैतान अपनी मौत की पीड़ा में अंतिम प्रहार कर रहा है, लेकिन फिर भी वह मेरे न्याय से बच निकलने में असमर्थ ही रहेगा। शैतान मेरे पैरों तले है और उसे तुम लोगों के पैरों तले भी कुचला जा रहा है। यह एक पूर्णतः वास्तविक है!
सभी धार्मिक बाधकों और कलीसिया की संरचना को ध्वस्त करने वालों के प्रति ज़रा-सी भी सहनशीलता नहीं दिखायी जा सकती, बल्कि तुरंत उनका न्याय किया जाएगा; शैतान का पर्दाफ़ाश किया जाएगा, उसे पैरों तले कुचला जाएगा, उसे पूरी तरह से नष्ट कर दिया जाएगा और उसके छिपने के लिए कोई जगह नहीं छोड़ी जाएगी। सभी तरह के राक्षस और दानव निश्चित रूप से मेरे सामने अपना असली रूप प्रकट कर देंगे और मैं उन सभी को अथाह कुंड में डाल दूँगा जिससे वे कभी मुक्त नहीं होंगे; वे सब हमारे पैरों तले होंगे। यदि तुम सत्य की खातिर एक अच्छी लड़ाई लड़ना चाहते हो, तो सबसे पहले, तुम्हें शैतान को काम करने का कोई मौका नहीं देना चाहिए—ऐसा करने के लिए तुम्हें एकमत होना पड़ेगा और सेवा में सहयोग करना होगा, अपनी सभी धारणाओं, मतों, विचारों और काम करने के तरीकों को छोड़ना होगा, मेरे भीतर अपने दिलों को शांत करना होगा, पवित्र आत्मा की आवाज़ पर ध्यान देना होगा, पवित्र आत्मा के कार्य के प्रति चौकस रहना होगा और परमेश्वर के वचनों का विस्तार से अनुभव करना होगा। तुम्हारी बस एक ही मंशा होनी चाहिए, और वह है मेरी इच्छा के अनुसार चलना। इसके अलावा तुम्हारा और कोई इरादा नहीं होना चाहिए। तुम सभी को अपने पूरे दिल से मुझ पर निर्भर रहना चाहिए, मेरे सारे क्रियाकलापों और चीजों को करने के मेरे तरीकों को बारीकी से देखना चाहिए और ज़रा-भी लापरवाह नहीं होना चाहिए! तुम्हारी आत्माएँ प्रखर हों और तुम्हारी आँखें खुली हों। जब उन लोगों की बात आती है जिनके इरादे और उद्देश्य आम तौर पर सही नहीं होते, जो दूसरों के द्वारा देखे जाना पसंद करते हैं और जो चीज़ों को करने के लिए उत्सुक होते हैं, जो बाधा डालने में उद्यत होते हैं, जो धार्मिक सिद्धांत से ओत-प्रोत होते हैं, जो शैतान के सेवक होते हैं, आदि—ऐसे लोग जब खड़े हो जाते हैं तो वे कलीसिया के लिए कठिनाइयाँ बन जाते हैं, और भाई-बहनों द्वारा परमेश्वर के वचनों को खाने-पीने को व्यर्थ कर देते हैं। अगर तुम इस तरह के लोगों को खुद का दिखावा करते हुए पाओ, तो तुरंत उन पर प्रतिबंध लगा दो। यदि वे बार-बार फटकारे जाने पर भी न बदलें, तो उन्हें नुकसान उठाना पड़ेगा। यदि वे लोग जो अपने तौर-तरीक़ों में जिद्दी होते हैं, वे अपना बचाव करने और अपने पापों को ढँकने की कोशिश करें, तो कलीसिया को उन्हें तुरंत काटकर अलग कर देना चाहिए और उनकी चालबाज़ी के लिए कोई जगह नहीं छोड़नी चाहिए। थोड़ा-सा बचाने की कोशिश में बहुत कुछ न खो देना; अपनी निगाह मुख्य बातों पर बनाये रखो।
अब तुम्हारी आध्यात्मिक आँखें खुल जानी चाहिए, ताकि तुम कलीसिया के अनेक प्रकार के लोगों को पहचान सको :
किस तरह के लोगों में आध्यात्मिक समझ होती है और वे आत्माओं को जानते हैं?
किस तरह के लोगों में आध्यात्मिक समझ नहीं होती है?
किस तरह के लोगों की आत्मा दुष्ट होती है?
किस तरह के लोगों में शैतान का काम होता है?
किस तरह के लोग बाधा डालने के आदी होते हैं?
किस तरह के लोगों में पवित्र आत्मा का कार्य होता है?
किस तरह के लोग परमेश्वर के भार के प्रति विचारशीलता दिखाते हैं?
किस तरह के लोग मेरी इच्छा के अनुसार चल सकते हैं?
मेरे वफ़ादार गवाह कौन हैं?
यह जान लो कि आज का सबसे ऊँचा दर्शन वह प्रबोधन है जो पवित्र आत्मा सभी कलीसियाओं को देता है। इन चीज़ों के बारे में भ्रमित मत हो; बल्कि, उनके बारे में ध्यान से विचार करो जब तक कि तुम उन्हें पूरी तरह से समझ न जाओ—यह तुम लोगों के जीवन की प्रगति के लिए बेहद अहम है! यदि तुम अपनी आँखों के सामने की इन चीज़ों को नहीं समझते हो, तो तुम आगे के रास्ते पर चलने में असमर्थ होगे; तुम किसी भी समय प्रलोभन और दासत्व के खतरे में रहोगे, और मुमकिन है कि तुम निगल लिए जाओ। अब मुख्य बात यह है कि तुम अपने दिल में मेरे करीब आने पर ध्यान केंद्रित करो और मेरे साथ अधिक संगति करो। तुम्हारे अंदर जो भी कमी है या तुम्हारी जो तलाश है, वह मेरे करीब होकर और मेरे साथ संगति करने से पूरी हो जाएगी। तुम्हारे जीवन को निश्चित रूप से पोषण दिया जाएगा और तुम्हारे अंदर नया प्रबोधन होगा। मैं कभी इस बात पर ध्यान नहीं देता कि तुम पहले कितने मूर्ख थे, न ही मैं तुम लोगों के पिछले अपराधों को याद रखता हूँ। मैं तो यह देखता हूँ कि तुम मुझे किस तरह प्यार करते हो : क्या तुम मुझे बाकी सभी चीज़ों से अधिक प्यार कर सकते हो? मैं यह देखता हूँ कि क्या तुम अपनी मूर्खता को उतार फेंकने के लिए मुड़कर मुझ पर भरोसा कर सकते हो या नहीं। कुछ लोग मेरा विरोध करते हैं, खुले तौर पर मेरी अवज्ञा करते हैं, और दूसरों की आलोचना करते हैं; वे मेरे वचनों को नहीं जानते हैं, और वे मेरे मुखमंडल को ढूँढ़ पाएँ, इसकी संभावना और भी कम है। मेरे सम्मुख जो लोग सच्चे मन से मेरी खोज करते हैं, जिनके दिल में धार्मिकता के लिए भूख और प्यास होती है—मैं तुम्हें प्रबुद्धता दूँगा और तुम्हारे सामने चीज़ों को प्रकट करूँगा, जिससे तुम अपनी आँखों से मुझे देख सको और अपने इरादों को व्यक्तिगत रूप से समझ सको; मेरी इच्छा निश्चित रूप से तुम्हें ज्ञात करवाई जाएगी, ताकि तुम समझ सको। मैं तुम्हें जो प्रबुद्धता देता हूँ, तुम्हें मेरे वचनों के अनुसार उसका अभ्यास करना चाहिए; अन्यथा तुम्हारा न्याय किया जाएगा। मेरे इरादों के अनुसार चलो—केवल तभी तुम अपने मार्ग से भटकोगे नहीं।
जो लोग मेरे वचनों में प्रवेश करना चाहते हैं, उन सभी पर अनुग्रह और आशीर्वाद दुगुने हो जाएँगे; वे हर दिन एक नया प्रबोधन और अंतर्दृष्टि प्राप्त करेंगे और रोज़ाना मेरे वचनों को खाने और पीने से वे उन्हें अधिक ताज़ा महसूस करेंगे। वे अपने मुँह से उनका स्वाद चखेंगे : यह कितना मधुर है! ... तुम सावधान रहना, और तुम संतुष्ट न हो जाना जब तुम्हें कुछ अंतर्दृष्टि और मिठास का स्वाद मिले; मुख्य बात है आगे की खोज करते रहना! कुछ लोग सोचते हैं कि पवित्र आत्मा का कार्य सचमुच अद्भुत और वास्तविक है—यह वाकई सर्वशक्तिमान परमेश्वर का व्यक्तित्व है जो खुले तौर पर प्रकट हो रहा है, और इससे भी बड़े संकेत और चमत्कार आगे होने वाले हैं। हर समय सचेत और सजग रहो, अपनी आँखों को स्रोत पर टिकाये रखो, मेरे सामने शांत रहो, सचेत रहो और ध्यान से सुनो, और मेरे वचनों के बारे में निश्चित रहो। कोई अस्पष्टता नहीं रह सकती है; यदि तुम ज़रा-भी संदेह करोगे तो मुझे डर है कि तुम द्वार से बाहर निकाल दिये जाओगे। स्पष्ट दृष्टि रखो, स्थिर और दृढ़ रहो, जीवन की इस धारा का अनुसरण करो और यह जहाँ भी बहे, इसका सावधानी से अनुसरण करो; तुममें ज़रा-सी भी इंसानी हिचकिचाहट बिल्कुल नहीं होनी चाहिए। बस खाओ, पिओ और प्रशंसा करो; निर्मल हृदय से खोज करो और कभी हार न मानो। तुम जो कुछ समझ न पाओ, उसे मेरे सामने लाते रहो और सुनिश्चित करो कि अपने मन में कोई संदेह न पालो वरना तुम बड़े नुकसान उठाओगे। बढ़े चलो! बढ़े चलो! मेरे पास रहो! अपनी अड़चनों से मुक्त हो जाओ और स्वच्छंद न बनो। पूरे दिल से पीछा करो और पीछे मत हटो। तुम्हें हमेशा अपने हृदय को अर्पित करना चाहिए और एक भी पल खोना नहीं चाहिए। पवित्र आत्मा लगातार नया कार्य करता है, वह हर दिन नई चीज़ें करता है और हर दिन उसके पास नया प्रबोधन भी होता है; पहाड़ पर एक रूपान्तरण, परमेश्वर का पवित्र आध्यात्मिक शरीर प्रकट हुआ है! धार्मिकता का सूर्य प्रकाश देता है और चमकता है; असंख्य राष्ट्रों और लोगों ने तुम्हारे महिमापूर्ण मुखमंडल को देखा है। मेरी रोशनी उन सभी पर चमकेगी जो मेरे सामने आते हैं। मेरे वचन प्रकाश हैं, तुम्हें आगे की राह दिखाते हैं। चलते वक्त, तुम लोग दाएँ या बाएँ नहीं मुड़ोगे, बल्कि मेरे प्रकाश में चलोगे, और केवल तभी तुम्हारा दौड़ना व्यर्थ नही होगा। तुम्हें पवित्र आत्मा के कार्य को स्पष्ट रूप से देखना चाहिए; मेरे इरादे इसी में निहित है। सभी रहस्य गुप्त हैं लेकिन वे धीरे-धीरे तुम्हारे सामने स्पष्ट किए जाएँगे। मेरे वचनों को हर समय ध्यान में रखो तथा मेरे साथ और अधिक संगति करने के लिए मेरे सामने आओ। पवित्र आत्मा का कार्य आगे बढ़ता है। मेरे पद-चिन्हों पर चलो; आगे महान चमत्कार हैं और वे तुम्हारे सामने एक-एक कर प्रकट किए जाएँगे। जो लोग सचेत हैं, प्रतीक्षा करते हैं और चौकस हैं, वे ही उन्हें देखेंगे। सुनिश्चित करो कि ढीले न पड़ जाओ। परमेश्वर की प्रबंधन योजना समाप्त होने वाली है, कलीसिया का निर्माण कामयाब होगा, विजेताओं की संख्या पहले से ही तय की जा चुकी है, विजयी बालकों को तैयार किया जाएगा और वे मेरे साथ राज्य में प्रवेश करेंगे, मेरे साथ राज्य-भार उठाएंगे, लौह-दंड से असंख्य राष्ट्रों पर शासन करेंगे और एक साथ महिमा में होंगे!