902 स्वयं परमेश्वर की पहचान और पदवी

1

हर चीज़ पर जो राज करे वो परमेश्वर है,

हर चीज़ का जो संचालन करे वो परमेश्वर है।

हर चीज़ बनाई उसने, हर चीज़ का वो संचालन करता है।

हर चीज़ पर वो राज करता है, हर चीज़ को पोषित करता है।

यही है पदवी उसकी, यही है परमेश्वर।

हर चीज़ के लिये, हर रची चीज़ के लिये,

निर्माता है वो हर चीज़ का, प्रभु है हर चीज़ का।

वो जो है सच्चाई है ये उसकी।

हर चीज़ के मध्य निराली पहचान है उसकी।

इंसानों में या आत्मिक जगत में, कोई भी सृजित प्राणी,

परमेश्वर होने का ढोंग कर नहीं सकता,

किसी भी तरह से या छल से,

परमेश्वर का रूप या उसकी जगह ले नहीं सकता।

हर चीज़ में बस एक ही है जिसकी ऐसी पहचान है,

ऐसा सामर्थ्य और अधिकार है, जो कर सकता है राज हर चीज़ पर।

वो हमारा एक ही है बस एक स्वयं परमेश्वर।

वो हमारा एक ही है बस एक स्वयं परमेश्वर।

2

जीवों के बीच रहता है, चलता-फिरता है परमेश्वर।

हर चीज़ से ऊपर, वो ऊँची उड़ान भर सकता है।

देहधारी इंसान बनकर, माँस और रक्त वाला इंसान बनकर,

ख़ुद को लघु कर सकता है।

लोगों से रूबरू होता है, सुख-दुख उनके बाँटता है।

साथ ही, हर चीज़ को संचालित वो करता है,

नियति सबकी और हर चीज़ की दिशा जाने की तय करता है।

यहाँ तक कि वो इंसान की भी नियति और दिशा तय करता है।

ऐसा परमेश्वर इस लायक है कि उसकी आराधना हो,

आज्ञापालन हो, और जीवमात्र उससे परिचित हो, परिचित हो।

चाहे किसी भी नस्ल के हो तुम, किसी भी तरह के इंसान हो तुम,

यकीन करो परमेश्वर पर, आज्ञापालन करो,

आदर करो, और स्वीकार करो प्रभुत्व उसका,

स्वीकार करो प्रभुत्व उसका,

स्वीकार करो अपनी नियति के लिये व्यवस्था उसकी।

इंसान हो या जीव हो कोई भी,

एकमात्र यही विकल्प है, विकल्प जो चुनना है तुम्हें, विकल्प जो चुनना है तुम्हें।

— "वचन देह में प्रकट होता है" में 'स्वयं परमेश्वर, जो अद्वितीय है X' से रूपांतरित

पिछला: 901 जब तक तुम परमेश्वर को नहीं छोड़ते

अगला: 903 परमेश्वर की सत्ता अनुपम है

सभी विश्वासी यीशु मसीह की वापसी के लिए तरस रहे हैं। क्या आप उनमें से एक हैं? हमारी ऑनलाइन सहभागिता में शामिल हों और आपको परमेश्वर से फिर से मिलने का अवसर मिलेगा।

संबंधित सामग्री

610 प्रभु यीशु का अनुकरण करो

1पूरा किया परमेश्वर के आदेश को यीशु ने, हर इंसान के छुटकारे के काम को,क्योंकि उसने परमेश्वर की इच्छा की परवाह की,इसमें न उसका स्वार्थ था, न...

775 तुम्हारी पीड़ा जितनी भी हो ज़्यादा, परमेश्वर को प्रेम करने का करो प्रयास

1समझना चाहिये तुम्हें कितना बहुमूल्य है आज कार्य परमेश्वर का।जानते नहीं ये बात ज़्यादातर लोग, सोचते हैं कि पीड़ा है बेकार:अपने विश्वास के...

वचन देह में प्रकट होता है न्याय परमेश्वर के घर से शुरू होता है अंत के दिनों के मसीह, सर्वशक्तिमान परमेश्वर के अत्यावश्यक वचन परमेश्वर के दैनिक वचन परमेश्वर का आगमन हो चुका है, वह राजा है सर्वशक्तिमान परमेश्वर के वचनों का संकलन सत्य का अभ्यास करने के 170 सिद्धांत मेमने का अनुसरण करो और नए गीत गाओ राज्य का सुसमाचार फ़ैलाने के लिए दिशानिर्देश परमेश्वर की भेड़ें परमेश्वर की आवाज को सुनती हैं परमेश्वर की आवाज़ सुनो परमेश्वर के प्रकटन को देखो राज्य के सुसमाचार पर अत्यावश्यक प्रश्न और उत्तर मसीह के न्याय के आसन के समक्ष अनुभवों की गवाहियाँ विजेताओं की गवाहियाँ मैं वापस सर्वशक्तिमान परमेश्वर के पास कैसे गया

सेटिंग

  • इबारत
  • कथ्य

ठोस रंग

कथ्य

फ़ॉन्ट

फ़ॉन्ट आकार

लाइन स्पेस

लाइन स्पेस

पृष्ठ की चौड़ाई

विषय-वस्तु

खोज

  • यह पाठ चुनें
  • यह किताब चुनें

WhatsApp पर हमसे संपर्क करें