334 जब परमेश्वर का दिन आएगा

1

शर्तों के साथ करते हैं ईश-सेवा कई लोग :

नहीं परवाह उन्हें, वो ईश्वर है या इंसान,

वे बस अपनी शर्तों की बात करते हैं,

अपनी इच्छाओं को पूरा करते हैं।

तुम ईश्वर के लिए काम कर दाम चाहते,

छोटे से काम की भी कीमत चाहते।

कलीसिया की सेवा का प्रतिफल चाहते।

ईश्वर निपटा जिनसे, वे भी मुआवज़ा चाहते।

हाँ, ये है ऊँची, बड़ी मानवता तुम्हारी।

तुम्हारा ज़मीर ये काम तुमसे कराये।

कहाँ है तुम्हारा विवेक? कहाँ है मानवता तुम्हारी?


जिस दिन ईश्वर ने मुँह फेरा, तुम सब मरोगे,

रोशनी छोड़ जाएगी, अँधेरा छाएगा।

जब उसका दिन आएगा, वो आग बरसाएगा

उन पर जो अवज्ञा करते, उसका क्रोध भड़काते।


2

जिन्होंने उसे छोड़ा, भला-बुरा कहा, उन्हें दंड देगा,

जो उसके साथ रहे, साथ खाये पर उसे अपमानित कर धोखा दे गए

उन्हें अपनी क्रोध की ज्वाला में जलायेगा।

हाँ, उसका प्रकोप झेलेंगे, दंड पाएंगे, उसका गुस्सा भड़काने वाले लोग,

और खुद को उसके बराबर समझने वाले वे जानवर,

जिन्होंने उसकी आराधना न की, न आज्ञा मानी।


जिस दिन ईश्वर ने मुँह फेरा, तुम सब मरोगे,

रोशनी छोड़ जाएगी, अँधेरा छाएगा।

जब उसका दिन आएगा, वो आग बरसाएगा

उन पर जो अवज्ञा करते, उसका क्रोध भड़काते।


3

जिन जानवरों ने कभी पायी उसकी देख-भाल, पाये उसके वचन

जो पाना चाहते थे उससे संसार की खुशियाँ कभी,

उन्हें वो अपनी लाठी से मारेगा।

जो उसकी जगह लेना चाहते थे, देगा न उनमें से किसी को माफी।

उन्हें न बख्शेगा जो रोटी और कपड़ा छीनना चाहते थे उससे।


जिस दिन ईश्वर ने मुँह फेरा, तुम सब मरोगे,

रोशनी छोड़ जाएगी, अँधेरा छाएगा।

जब उसका दिन आएगा, वो आग बरसाएगा

उन पर जो अवज्ञा करते, उसका क्रोध भड़काते, भड़काते, भड़काते।


—वचन, खंड 1, परमेश्वर का प्रकटन और कार्य, अपरिवर्तित स्वभाव होना परमेश्वर के साथ शत्रुता रखना है से रूपांतरित

पिछला: 333 उम्मीद करता है परमेश्वर कि इंसान उसके वचनों के प्रति निष्ठावान बन सके

अगला: 335 परमेश्वर के वचनों के मूल की थाह पा नहीं सकता कोई

परमेश्वर का आशीष आपके पास आएगा! हमसे संपर्क करने के लिए बटन पर क्लिक करके, आपको प्रभु की वापसी का शुभ समाचार मिलेगा, और 2024 में उनका स्वागत करने का अवसर मिलेगा।

संबंधित सामग्री

775 तुम्हारी पीड़ा जितनी भी हो ज़्यादा, परमेश्वर को प्रेम करने का करो प्रयास

1समझना चाहिये तुम्हें कितना बहुमूल्य है आज कार्य परमेश्वर का।जानते नहीं ये बात ज़्यादातर लोग, सोचते हैं कि पीड़ा है बेकार:अपने विश्वास के...

610 प्रभु यीशु का अनुकरण करो

1पूरा किया परमेश्वर के आदेश को यीशु ने, हर इंसान के छुटकारे के काम को,क्योंकि उसने परमेश्वर की इच्छा की परवाह की,इसमें न उसका स्वार्थ था, न...

सेटिंग

  • इबारत
  • कथ्य

ठोस रंग

कथ्य

फ़ॉन्ट

फ़ॉन्ट आकार

लाइन स्पेस

लाइन स्पेस

पृष्ठ की चौड़ाई

विषय-वस्तु

खोज

  • यह पाठ चुनें
  • यह किताब चुनें

WhatsApp पर हमसे संपर्क करें