337 तुमने ईश्वर को क्या समर्पित किया है?

अब्राहम ने इसहाक को अर्पित किया। तुमने क्या अर्पण किया है?

अय्यूब ने सब कुछ अर्पित किया। तुमने क्या अर्पण किया है?

1

कई लोगों ने जीवन दिया है, कई लोगों ने अपने सर कुर्बान किए हैं,

कई लोगों ने अपना ख़ून बहाया है, सच्चे मार्ग की तलाश में।

क्या तुमने कभी भी वो कीमत चुकाई है?

उन की तुलना में, तुम बिलकुल योग्य नहीं हो,

इस महान कृपा का आनंद लेने के लिए।

तुम खुद को बहुत उच्च मत समझो।

तुम्हारे पास डींग मारने के लिए कुछ नहीं है।

ऐसा महान उद्धार और अनुग्रह तुम्हें मुफ्त दिया गया है।

तुमने कोई बलिदान नहीं दिया है,

बस मुफ्त में अनुग्रह का आनंद उठाया है।

क्या तुम्हें ज़रा भी शर्म नहीं आती?

2

क्या तुमने ये सच्चा मार्ग पाने की कोशिश की थी?

क्या तुमने इसे पवित्रात्मा के दबाव में नहीं स्वीकारा?

तुम्हारे पास कभी सत्य का खोजी, लालायित दिल नहीं था।

तुमने बस बैठकर आनंद लिया है,

और इस सत्य को बिना कोशिश के पाया है।

तुम्हें शिकायत करने का क्या हक है?

क्या तुम्हें लगता है, तुम सबसे योग्य हो?

तुम खुद को बहुत उच्च मत समझो।

तुम्हारे पास डींग मारने के लिए कुछ नहीं है।

ऐसा महान उद्धार और अनुग्रह तुम्हें मुफ्त दिया गया है।

तुमने कोई बलिदान नहीं दिया है,

बस मुफ्त में अनुग्रह का आनंद उठाया है।

क्या तुम्हें ज़रा भी शर्म नहीं आती?

3

तुम्हारे पास शिकायत करने को क्या है,

जिन्होंने अपना ख़ून बहाया उनकी तुलना में

और अपने जीवन का बलिदान दिया?

आज्ञापालन और अनुसरण के सिवा,

तुम्हारे पास कोई विकल्प नहीं है।

तुम बस योग्य नहीं हो!

तुम खुद को बहुत उच्च मत समझो।

तुम्हारे पास डींग मारने के लिए कुछ नहीं है।

ऐसा महान उद्धार और अनुग्रह तुम्हें मुफ्त दिया गया है।

तुमने कोई बलिदान नहीं दिया है,

बस मुफ्त में अनुग्रह का आनंद उठाया है।

क्या तुम्हें ज़रा भी शर्म नहीं आती?

तुम खुद को बहुत उच्च मत समझो।

तुम्हारे पास डींग मारने के लिए कुछ नहीं है।

ऐसा महान उद्धार और अनुग्रह तुम्हें मुफ्त दिया गया है।

तुमने कोई बलिदान नहीं दिया है,

बस मुफ्त में अनुग्रह का आनंद उठाया है।

क्या तुम्हें ज़रा भी शर्म नहीं आती?

— "वचन देह में प्रकट होता है" में 'मोआब के वंशजों को बचाने का अर्थ' से रूपांतरित

पिछला: 336 तुम सत्य के लिए जी ही नहीं रहे हो

अगला: 338 परमेश्वर के प्रति तुम्हारी वफ़ादारी की अभिव्यक्ति कहाँ है?

सभी विश्वासी यीशु मसीह की वापसी के लिए तरस रहे हैं। क्या आप उनमें से एक हैं? हमारी ऑनलाइन सहभागिता में शामिल हों और आपको परमेश्वर से फिर से मिलने का अवसर मिलेगा।

संबंधित सामग्री

610 प्रभु यीशु का अनुकरण करो

1पूरा किया परमेश्वर के आदेश को यीशु ने, हर इंसान के छुटकारे के काम को,क्योंकि उसने परमेश्वर की इच्छा की परवाह की,इसमें न उसका स्वार्थ था, न...

775 तुम्हारी पीड़ा जितनी भी हो ज़्यादा, परमेश्वर को प्रेम करने का करो प्रयास

1समझना चाहिये तुम्हें कितना बहुमूल्य है आज कार्य परमेश्वर का।जानते नहीं ये बात ज़्यादातर लोग, सोचते हैं कि पीड़ा है बेकार:अपने विश्वास के...

सेटिंग

  • इबारत
  • कथ्य

ठोस रंग

कथ्य

फ़ॉन्ट

फ़ॉन्ट आकार

लाइन स्पेस

लाइन स्पेस

पृष्ठ की चौड़ाई

विषय-वस्तु

खोज

  • यह पाठ चुनें
  • यह किताब चुनें

WhatsApp पर हमसे संपर्क करें