741 परमेश्वर का संरक्षण पाने के लिए उनका भय मानो

1 अपने व्यवहार और कर्मों में व्यावहारिक होना, अपने किसी भी कार्य में प्रार्थना करना न भूलना, अक्सर परमेश्वर के समक्ष आना और परमेश्वर से कभी भी दूर नहीं जाना—ये परमेश्वर में विश्वास करने की बुनियादी बातें हैं! चाहे तुम्हारा जीवन कितना ही महान हो, तुम्हारा आध्यात्मिक कद कितना ही बड़ा हो, या तुमने सत्य की वास्तविकता में किस हद तक प्रवेश किया हो, अपने दिल में तुम्हें परमेश्वर को नहीं छोड़ना चाहिये; तुम्हें कभी भी परमेश्वर से दूर नहीं जाना चाहिये। तुम ऐसा कह सकते हो, "मैं परमेश्वर से बहुत दूर नहीं जाऊंगा; मैं बस थोड़ी देर के लिये जाऊंगा, अच्छा?" ये कैसे शब्द हैं? यह करीब या दूर जाने की बात नहीं है; अगर अपने दिल में तुम कभी भी परमेश्वर से रहित होते हो, तो तुम पहले ही परमेश्वर से दूर जा चुके हो। जो लोग अक्सर परमेश्वर से दूर जाते रहते हैं, असल में उनका सम्मान नहीं करते।

2 जब लोग परमेश्वर से दूर जाते हैं, तो इसके क्या परिणाम होते हैं। जैसे ही वे कैसा करते हैं, वे किसी भी समय शैतान के कब्जे में आ सकते हैं। उसके बाद, वे अपने वचनों और कर्मों से अपने शैतानी स्वभाव को प्रकट करेंगे। वे अक्सर गलतियां करेंगे, बार-बार परमेश्वर के ख़िलाफ़ विद्रोह करेंगे, कलीसियाई जीवन में बाधाएं और रुकावट डालेंगे। किसी भी समय, वे शैतान के द्वारा इस्तेमाल किये जाने और कब्जे में लिये जाने के जोखिम में रहेंगे—यह कितना भयानक है! इसलिये, अगर तुम अपने दिल में परमेश्वर से दूर नहीं जाते हो और हर समय परमेश्वर के समक्ष रहने में सक्षम हो, तभी तुम परमेश्वर का भय मानने वाले इंसान होगे, जब तुम्हारी मानसिकता ऐसी होगी तभी परमेश्वर तुम्हें कोई भी गलत मार्ग चुनने से बचा सकेंगे।

— परमेश्‍वर की संगति से उद्धृत

पिछला: 740 जो परमेश्वर का सम्मान करते हैं केवल वही परीक्षाओं में गवाह बन सकते हैं

अगला: 742 वही मनुष्य खुश है जो परमेश्वर का सम्मान करता है

अब बड़ी-बड़ी विपत्तियाँ आ रही हैं और वह दिन निकट है जब परमेश्वर भलाई का प्रतिफल देगें और बुराई को दण्ड देंगे। हमें एक सुंदर गंतव्य कैसे मिल सकता है?

संबंधित सामग्री

610 प्रभु यीशु का अनुकरण करो

Iपूरा किया परमेश्वर के आदेश को यीशु ने,हर इंसान के छुटकारे के काम को,क्योंकि उसने परमेश्वर की इच्छा की परवाह की,इसमें न उसका स्वार्थ था, न...

वचन देह में प्रकट होता है न्याय परमेश्वर के घर से शुरू होता है अंत के दिनों के मसीह, सर्वशक्तिमान परमेश्वर के अत्यावश्यक वचन परमेश्वर के दैनिक वचन परमेश्वर का आगमन हो चुका है, वह राजा है सर्वशक्तिमान परमेश्वर के वचनों का संकलन सत्य का अभ्यास करने के 170 सिद्धांत मेमने का अनुसरण करो और नए गीत गाओ राज्य का सुसमाचार फ़ैलाने के लिए दिशानिर्देश परमेश्वर की भेड़ें परमेश्वर की आवाज को सुनती हैं परमेश्वर की आवाज़ सुनो परमेश्वर के प्रकटन को देखो राज्य के सुसमाचार पर अत्यावश्यक प्रश्न और उत्तर मसीह के न्याय के आसन के समक्ष अनुभवों की गवाहियाँ विजेताओं की गवाहियाँ मैं वापस सर्वशक्तिमान परमेश्वर के पास कैसे गया

सेटिंग्स

  • इबारत
  • कथ्य

ठोस रंग

कथ्य

फ़ॉन्ट

फ़ॉन्ट आकार

लाइन स्पेस

लाइन स्पेस

पृष्ठ की चौड़ाई

विषय-वस्तु

खोज

  • यह पाठ चुनें
  • यह किताब चुनें