831 विश्वास रखो कि ईश्वर इंसान को निश्चित रूप से पूर्ण बनाएगा

ईश्वर यहीं और अभी तुम्हें पूर्ण बनाना चाहता है।

ईश्वर सचमुच तुम्हें पूर्ण बनाना चाहता है, कुछ भी हो, कैसे भी हो।

कैसे भी इम्तहान आएँ, घटे कोई भी घटना,

कोई भी आए आपदा, ईश्वर तुम्हें पूर्ण बनाना चाहता है।

1

तुम्हारे आज के काम से तय होगा भविष्य तुम्हारा,

दुआएँ मिलें या बद्दुआएँ तुम्हें।

अगर पूर्ण बनना है तुम्हें, तो वक़्त है यही; ये मौका फिर न मिलेगा तुम्हें।

जिस ऊँचाई पर आज पहुँचे हैं ईश्वर के वचन कभी पहुँचे नहीं

पीढ़ियों में, युगों-युगों में।

पहुँचे हैं ये सबसे ऊँचे क्षेत्र में। पहुँचे हैं ये सबसे ऊँचे क्षेत्र में।

बेमिसाल है इंसानों के बीच पवित्र आत्मा का काम।

ईश्वर यहीं और अभी तुम्हें पूर्ण बनाना चाहता है।

ईश्वर सचमुच तुम्हें पूर्ण बनाना चाहता है, कुछ भी हो, कैसे भी हो।

कैसे भी इम्तहान आएँ, घटे कोई भी घटना,

कोई भी आए आपदा, ईश्वर तुम्हें पूर्ण बनाना चाहता है।

2

बहुत कम लोगों ने अतीत में, अनुभव किया है

पवित्र आत्मा के इस काम को।

यीशु के वक्त में भी, न तो इतने विशाल थे प्रकाशन,

न पहुँचे थे इतनी ऊँचाई तक।

जो वचन बोले हैं तुमसे ईश्वर ने, जिन बातों को समझते हो तुम,

जिन चीज़ों का अनुभव तुमने किया है, हैं चरम ऊँचाई पर आज वो।

सचमुच पूर्ण बनाना चाहता है ईश्वर तुम्हें,

ये महज़ बोलने का अंदाज़ नहीं है।

परीक्षणों, ताड़नाओं में तुम बीच में छोड़कर नहीं जाते हो,

काफ़ी है ये साबित करने के लिए नयी महिमा पा ली है ईश्वर के काम ने।

इंसान न इसे बना सकता, न संभाल सकता है; स्वयं ईश्वर का ये काम है।

देख सकते हो ईश्वर के काम से, इंसान को पूर्ण बनाना चाहता है वो,

यकीनन तुम्हें पूर्ण बनाने के काबिल है ईश्वर।

ईश्वर यहीं और अभी तुम्हें पूर्ण बनाना चाहता है।

ईश्वर सचमुच तुम्हें पूर्ण बनाना चाहता है, कुछ भी हो, कैसे भी हो।

कैसे भी इम्तहान आएँ, घटे कोई भी घटना,

कोई भी आए आपदा, ईश्वर तुम्हें पूर्ण बनाना चाहता है।

ये पक्का है, निस्संदेह सच्चाई है। ये पक्का है, निस्संदेह सच्चाई है।

— "वचन देह में प्रकट होता है" में 'सभी के द्वारा अपना कार्य करने के बारे में' से रूपांतरित

पिछला: 830 अय्यूब और पतरस की तरह गवाह बनो

अगला: 832 लोगों के इस समूह को पूरा करने का संकल्प लिया है परमेश्वर ने

सभी विश्वासी यीशु मसीह की वापसी के लिए तरस रहे हैं। क्या आप उनमें से एक हैं? हमारी ऑनलाइन सहभागिता में शामिल हों और आपको परमेश्वर से फिर से मिलने का अवसर मिलेगा।

संबंधित सामग्री

610 प्रभु यीशु का अनुकरण करो

1पूरा किया परमेश्वर के आदेश को यीशु ने, हर इंसान के छुटकारे के काम को,क्योंकि उसने परमेश्वर की इच्छा की परवाह की,इसमें न उसका स्वार्थ था, न...

775 तुम्हारी पीड़ा जितनी भी हो ज़्यादा, परमेश्वर को प्रेम करने का करो प्रयास

1समझना चाहिये तुम्हें कितना बहुमूल्य है आज कार्य परमेश्वर का।जानते नहीं ये बात ज़्यादातर लोग, सोचते हैं कि पीड़ा है बेकार:अपने विश्वास के...

वचन देह में प्रकट होता है न्याय परमेश्वर के घर से शुरू होता है अंत के दिनों के मसीह, सर्वशक्तिमान परमेश्वर के अत्यावश्यक वचन परमेश्वर के दैनिक वचन परमेश्वर का आगमन हो चुका है, वह राजा है सर्वशक्तिमान परमेश्वर के वचनों का संकलन सत्य का अभ्यास करने के 170 सिद्धांत मेमने का अनुसरण करो और नए गीत गाओ राज्य का सुसमाचार फ़ैलाने के लिए दिशानिर्देश परमेश्वर की भेड़ें परमेश्वर की आवाज को सुनती हैं परमेश्वर की आवाज़ सुनो परमेश्वर के प्रकटन को देखो राज्य के सुसमाचार पर अत्यावश्यक प्रश्न और उत्तर मसीह के न्याय के आसन के समक्ष अनुभवों की गवाहियाँ विजेताओं की गवाहियाँ मैं वापस सर्वशक्तिमान परमेश्वर के पास कैसे गया

सेटिंग

  • इबारत
  • कथ्य

ठोस रंग

कथ्य

फ़ॉन्ट

फ़ॉन्ट आकार

लाइन स्पेस

लाइन स्पेस

पृष्ठ की चौड़ाई

विषय-वस्तु

खोज

  • यह पाठ चुनें
  • यह किताब चुनें

WhatsApp पर हमसे संपर्क करें