ईसाइयों पर सीसीपी के क्रूर उत्पीड़न के तथ्य, एपिसोड 22 : अपराध कबूल करवाने के लिए 17-वर्षीय ईसाई को चार दिनों तक यातनाएँ दी गईं

08 अगस्त, 2026

दुष्ट सीसीपी ईसाइयों की गिरफ्तारी और उत्पीड़न में बेहद क्रूर है। ईसाइयों को अपनी आस्था छोड़ने और कलीसिया के बारे में जानकारी देने पर मजबूर करने के लिए, सीसीपी उन पर क्रूरता करने के क्रम में यातना देने के विभिन्न तरीकों का निर्दयतापूर्वक इस्तेमाल करती है। वह किसी कानून को बिल्कुल नहीं मानती। वह ईसाइयों के साथ कभी इंसानों जैसा व्यवहार नहीं करती, मनमर्जी से उन पर क्रूरता करती है और बिना किसी सज़ा के डर के उन्हें पीट-पीटकर मार डालती है। चाहे अस्सी-नब्बे साल के बुजुर्ग ईसाई हों या कम उम्र के किशोर ईसाई, वह गिरफ्तार करते समय किसी को नहीं बख्शती। उसके क्रूरतापूर्ण कृत्य सचमुच जघन्य हैं। हाल ही में, हमने बीजिंग में सर्वशक्तिमान परमेश्वर की कलीसिया के एक ईसाई, ली हाओ का साक्षात्कार लिया। उसने हमें बताया कि कैसे उसे एक सभा के दौरान गिरफ्तार किया गया था और 17 साल की उम्र में सीसीपी पुलिस द्वारा बेरहमी से सताया गया था। कलीसिया की जानकारी देने पर मजबूर करने के लिए, पुलिस ने अपराध कबूल करवाने की खातिर उसे लगातार चार दिनों तक यातनाएँ दीं। इसमें बेरहमी से पीटना, खौलते पानी से जलाना, उसके निपल्स और हथेलियों को आग से जलाना और उसकी उँगलियों को कुचलना शामिल था। पुलिसवालों ने हथकड़ी के दाँतेदार किनारों से उसकी जली हुई पीठ को भी क्रूरतापूर्ण ढंग से खुरचा। उन्होंने उसकी उँगलियों और बाँहों पर बिजली के तार बाँध दिए, उसे कई बार बिजली के झटके दिए और जबरदस्ती उसकी पैंट उतार दी, उसके गुप्तांगों पर बिजली के झटके देने की कोशिश की, लेकिन ली हाओ ने खुद को छुड़ाने के लिए बेतहाशा संघर्ष किया। जब ली हाओ बुरी तरह से घायल और जख्मी हो गया और उसकी साँसें उखड़ने लगीं, तब जाकर पुलिस ने उसके परिवार को उसे मुकदमे की सुनवाई तक जमानत पर छुड़वाने की इजाजत दी। उसके घर लौटने के बाद भी, पुलिसवाले उसके घर आकर उसे परेशान करते रहे। उन्होंने न केवल उसकी आवाजाही पर रोक लगा दी, बल्कि यह धमकी भी दी कि अगर उसने परमेश्वर में विश्वास करना जारी रखा, तो उसे फिर से गिरफ्तार कर लिया जाएगा और कड़ी सज़ा दी जाएगी। इस एपिसोड में, ली हाओ की जुबानी, आइए जानें कि सीसीपी की नास्तिक तानाशाही के तहत एक युवा ईसाई ने किस तरह का दुर्व्यवहार और यातनाएँ सहीं।

00:22 मुख्य अंश

04:56 ली हाओ को एक सभा के दौरान गिरफ्तार किया गया

09:25 ली हाओ को अपराध कबूल करवाने के लिए यातनाएँ दी गईं—बुरी तरह से पीटा गया, खौलते पानी से जलाया गया, उसके निपल्स और हथेलियों को जलाया गया, उँगलियों को कुचला गया और बिजली के झटके दिए गए

38:47 ली हाओ हिरासत केंद्र में गंभीर रूप से बीमार पड़ गया और उसे मुकदमे की सुनवाई तक जमानत पर छुड़वाया गया

43:23 समापन-टिप्पणी

50:00 अपराधियों की जानकारी

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