परमेश्वर के दैनिक वचन : परमेश्वर को जानना | अंश 179
जब से परमेश्वर ने सभी चीज़ों को बनाया है, वे व्यवस्थित रूप से उसके बनाए नियमों के अनुसार संचालित और निरन्तर विकसित हो रही हैं। उसकी निगाहों...
हम परमेश्वर के प्रकटन के लिए बेसब्र सभी साधकों का स्वागत करते हैं!
सर्वशक्तिमान परमेश्वर, अनन्तकाल का पिता, शांति का राजकुमार, हमारा परमेश्वर राजा है! सर्वशक्तिमान परमेश्वर अपने चरण जैतून के पर्वत पर रखता है। यह कितना खूबसूरत है! सुनो! हम पहरूए पुकार रहे हैं; एक साथ जयजयकार कर रहे हैं, क्योंकि परमेश्वर सिय्योन में लौट आया है। हम अपनी आँखों से यरूशलेम को खंडहर होता देख रहे हैं। उमंग में सामने आओ और साथ में गाओ, क्योंकि परमेश्वर ने हमें शान्ति दी है और यरूशलेम को छुड़ा लिया है। परमेश्वर ने सारी जातियों के सामने अपनी पवित्र भुजा प्रकट की है, परमेश्वर का वास्तविक स्वरूप प्रकट हुआ है! पृथ्वी के दूर-दूर देशों के सब लोग हमारे परमेश्वर का किया हुआ उद्धार देख लेंगे।
ओ, सर्वशक्तिमान परमेश्वर! तेरे सिंहासन से सात आत्माओं को सभी कलीसियाओं में भेजा गया है ताकि तेरे सभी रहस्यों को उजागर किया जा सके। अपनी महिमा की राजगद्दी पर बैठकर, तूने अपने राज्य का संचालन किया है और इसे न्याय और धर्म के द्वारा मजबूत और स्थिर किया है, तूने सभी जातियों को अपने सामने दबा दिया है। ओ, सर्वशक्तिमान परमेश्वर! तूने राजाओं के कमरबंद को ढीला कर दिया है, अपने सामने फाटकों को ऐसा खोल दिया है कि वे फाटक बन्द न किए जाएँ। क्योंकि तेरा प्रकाश आ गया है और तेरा तेज़ उदित हुआ है, और अपनी कान्ति चम का रहा है। पृथ्वी पर तो अन्धियारा और राज्य—राज्य के लोगों पर घोर अन्धकार छाया हुआ है। हे परमेश्वर! परन्तु तू हम पर प्रकट हुआ है, तूने अपना प्रकाश हम पर चमकाया है और तेरी महिमा हम पर प्रगट होगी; जाति-जाति तेरे पास प्रकाश के लिये और राजा तेरे आरोहण के प्रताप की ओर आएँगे। तू अपनी आँखें उठाकर चारों ओर देखता है: वे सब-के-सब इकट्ठे होकर तेरे पास आ रहे हैं, तेरे पुत्र दूर से आ रहे हैं और तेरी पुत्रियाँ हाथों-हाथ पहुँचाई जा रही हैं। हे सर्वशक्तिमान परमेश्वर, तेरा महान प्रेम हमें थाम लेता है; यह तू ही है, जो हमें तेरे राज्य को जाते मार्ग पर आगे बढ़ाता है और ये तेरे पवित्र वचन ही हैं जो हमें भेदते हैं।
ओ, सर्वशक्तिमान परमेश्वर! हम तुझे धन्यवाद देते हैं और हम तेरी प्रशंसा करते हैं! हम तेरी ओर देखें, तेरे दर्शन करें, तुझे ऊंचा उठाएं, और एक नेक, प्रशांत और एकचित्त ह्रदय के साथ तेरे लिए गाएँ। हमारा बस एक ही मन हो और हम एक साथ मिलकर निर्मित हों और तू जल्द ही, हमें वैसा बनाए जो तेरे दिल का अनुसरण करते हैं, जो तेरे द्वारा काम में लाए जाते हैं। हम चाहते हैं कि तेरी इच्छा पूरी पृथ्वी पर अबाधित रूप से पूरी हो।
—वचन, खंड 1, परमेश्वर का प्रकटन और कार्य, आरंभ में मसीह के कथन, अध्याय 25
परमेश्वर के बिना जीवन कठिन है। यदि आप सहमत हैं, तो क्या आप परमेश्वर पर भरोसा करने और उसकी सहायता प्राप्त करने के लिए उनके समक्ष आना चाहते हैं?
जब से परमेश्वर ने सभी चीज़ों को बनाया है, वे व्यवस्थित रूप से उसके बनाए नियमों के अनुसार संचालित और निरन्तर विकसित हो रही हैं। उसकी निगाहों...
परमेश्वर का स्वभाव कभी मनुष्य से छिपा नहीं रहा है—मनुष्य का हृदय परमेश्वर से भटक गया है सृजन के समय से ही, परमेश्वर का स्वभाव उसके कार्य...
परमेश्वर मनुष्य के साथ जो करता है उससे परमेश्वर की पवित्रता को समझना (चुना हुआ अंश) इस वक्त शैतान की बुराई के बारे में बात करने से हर एक...
आरंभ में, व्यवस्था के पुराने विधान के युग के दौरान मनुष्य का मार्गदर्शन करना एक बच्चे के जीवन का मार्गदर्शन करने जैसा था। आरंभिक मानवजाति...